Rahat Indori Famous Shayari ǃ राहत इंदौरी शायरी

राहत इंदौरी (Rahat Indori) एक ऐसे शायर थे जो किसी को अपनी शायरी ( Rahat Indori Famous Shayari ) से सम्मोहित कर लेते थे। हम हिंदुस्तान के मशहूर शायर, गीतकार और उर्दू कवि राहत इंदौरी (Dr Rahat Indori Shayari 2 line) की फेमस शायरियों के बारे में पढ़ेंगे।

जीवन परिचय
वास्तविक नाम राहत
उपनाम राहत इंदौरी
व्यवसाय कवि, गीतकार, शायर
जन्मतिथि 1 जनवरी 1950
जन्मस्थान इंदौर, मध्य प्रदेश, भारत
राष्ट्रीयता भारतीय
गृहनगर इंदौर, मध्य प्रदेश, भारत
पिता :- राफतुल्लाह कुरैशी (एक कपड़ा मिल कर्मचारी)
माता :- मकबूल उन निशा बेगम
भाई-बहन :- 3
वैवाहिक स्थिति विवाहित
पत्नी सीमा राहत
बच्चे बेटा :- फ़ैसल राहत, सतलज़ राहत
स्कूल/विद्यालय नूतन स्कूल इंदौर, मध्य प्रदेश, भारत
महाविद्यालय/विश्वविद्यालय इस्लामिया करीमीया कॉलेज (IKDC) इंदौर, मध्य प्रदेश, भारत
बरकातुल्ला विश्वविद्यालय, भोपाल, मध्य प्रदेश
भोज विश्वविद्यालय, भोपाल, मध्य प्रदेश
शैक्षिक योग्यता वर्ष 1975 में, बरकातुल्ला विश्वविद्यालय, भोपाल, मध्य प्रदेश से उर्दू साहित्य में परास्नातक
वर्ष 1985 में, भोज विश्वविद्यालय, मध्य प्रदेश से उर्दू साहित्य में पीएचडी
धर्म इस्लाम
शौक चित्रकारी करना, यात्रा करना
पसंदीदा खेल हॉकी और फुटबॉल

राहत इंदौरी की शायरी बहुत ज्यादा फेमस है और उनकी सबसे ज्यादा फेमस शायरी जो की सबसे ज्यादा वायरल हुई उनमें से कुछ हम आपके लिये लेकर आए है। आज हम आपको मशहूर शायर के चुनिंदा शेर पढ़ाने जा रहे हैं…

Rahat Indori Shayari 2 line in Hindi

Rahat Indori Shayari in Hindi Love

जाती है किसी झील की गहराई कहाँ तक,
आँखों में तेरी डूब के देखेंगे किसी दिन…

एक बार ज़िंदगी अची लगे थी उस वक़्त मुझी,
जुब उस ने शर्मा कर तभा किया था मुझी..

मिट चले मेरी उम्मीदों की तरह हरफ़ मगर
आज तक तेरे खातों से तेरी खुश्बू ना गई

राहत इंदौरी शायरी

दिल को तेरी ही तमन्ना,
दिल को है तुझ से ही प्यार,
चाहे तू आए ना आए,
हं करेंगे इंतेजार…

 राहत इंदौरी की ग़ज़ल

नींद उड़ा कर मेरी कहते है वो कि सो जाओ कल बात करेंगे,
अब वो ही हमें समझाए कि कल तक हम क्या करेंगे

कुछ कटी हिम्मत-ए-सवाल में उम्र
कुछ उम्मीद-ए-जवाब में गुज़री

Rahat Indori Shayari Love

Rahat Indori Shayari in Hindi Love

सौ सौ उम्मीदें बाँधती हैं इक इक निगाह पर
मुझ को ना ऐसे प्यार से देखा करे कोई

उम्मीद-ए-शिफा भी नहीं बीमार को तेरे
अल्लाह से मायूस हुआ भी नहीं जाता

राहत इंदौरी का गजल

तर्क-ए-उम्मीद बस की बात नहीं
वरना उम्मीद कब बार आती है

 राहत इंदौरी की ग़ज़ल

कहते हैं जीते हैं उम्मीद पे लोग
हम को जीने की भी उम्मीद नहीं

रही ना ताक़त-ए-गुफ्टार और अगर हो भी
तो किस उम्मीद पे कहिए के आरज़ू क्या है

Rahat Indori Shayari on Life

 राहत इंदौरी शायरी हिंदी 4 लाइन

कागज़ पर रख कर खाना खाये तो भी कैसे….
खून से लथपथ आता है अखबार आजकल!

गजब का प्यार था उस की उदास आँखों में
गुमान तक ना हुवा क वो बिचड़ने वाली है.!!

इलाही काम-याबी रह-नुमा हो
कोई उम्मीद-वाराना चला है

राहत इंदौरी शायरी हिंदी लव 2 line

ये अच्छा है के आपस के भरम ना टूटने पाएँ
कभी भी दोस्तों को आज़मा कर कुछ नहीं मिलता

सारी उम्मीद रही जाती है
हाय, फिर सुबह हुई जाती है

तुम ऐसे कौन खुदा हो की उम्र भर तुम से
उम्मीद भी रखूं ना-उम्मीद भी ना रहूं

Rahat indori love shayari

सुनपगली तेरा दिल भी धड़केगा
तेरी आँख भी फड़केगी..
अपनी ऐसी ‪आदत डालूँगा
के हर पल ‪‎मुझसे मिलने के लिये ‪तड़पेगी
राहत इंदौरी शायरी हिंदी image
Rahat Indori Famous Shayari

यूँ तो हर शाम उम्मीदों पे गुज़र जाती थी
आज कुच्छ बात है जो शाम पे रोना आया

बेवफा से वफ़ा की उमीद रखी थी
कांतो से खुसबू की उमीद रखी थी
मोहबत में दिल टूटने की उमीद रखी थी
खुदा से दो गाज़ ज़मीन की उमीद रखी थी

जानता हूँ मे मेरा वक़्त मुजपे बेरहेम है
मरहम तो ना मिला मिले पल पल तो बस ज़ख़्म है
इस दुनिया से मे उमीद क्या रखूं
दुनिया भी तो उमीद पे कायम है

जिनसे उमीद करी थी जो आएँगे
और मेरी कब्र सजाएँगे,
वो ही मेरी कब्र के
पठार चुरा के ले गये

Rahat indori quotes

दिल पे उनके अपनी जीत हो जाए
पूरी दिल की उमीद हो जाए
वो जो आ के एक बार गले से लग जाएँ
तो फिर हमारी ईद हो जाए?

छीन गई आख़िरी उमीद भी दिल से “आसार”
ये सहारा है की अब कोई सहारा ना रहा

जहाँ हिम्मत समाप्त होती है.
वहीँ हार की शुरुआत होती है.
आप धीरज मत खोइए.
अपना कदम फिर से उठाइए.

RAHAT INDORI SHER O SHAYRI

तुझसे उमीद ही बेवफा निकली आए खुद को वफ़ा कहने वाली,
की सोचता हूँ क्या तुझपे मेने जान लुटाई इस कदर !!

सफ़र ज़िंदगी का बहुत ही हसीन है
सभी को किसी न किसी की तलाश हैं
किसी के पास मंज़िल हैं तो राह नही
और जिसके पास राह हें तो मंज़िल नही

एक दिन हम भी कफ़न ओढ़ जाएँगे…..
हर एक रिश्ता इस ज़मीन से तोड़े जाएँगे……
जितना जी चाहे सतालो यारो……
एक दिन रुलाते हुए सबको छोड़ जाएँगे……

राहत इंदौरी की मशहूर शायरी

उमीदे टूटी तो उमीद करना छोड़ दिया,
सपने टूटे तो सपने देखना छोड़ दिया,
जबसे दिल टूटा है, साँसे तो ले रहे है,
पर अब हुँने जीना छोड़ दिया

जब खुदा ने इश्क बनाया होगा,
तब उसने भी इसे आजमाया होगा..
हमारी औकात ही क्या है,
कमबख्त इश्क ने तो
खुदा को भी रुलाया होगा!

RAHAT INDORI 4 LINE SHAYARI

“सिर्फ एक “दिल” ही है जो बिना
आराम किये सालों काम करता है
,इसे हमेशा “खुश” रखिये ,
चाहे ये आपका हो या आपके अपनों का

उठा कर तलवार जब घोड़े पे सवार होते
बाँध के साफ़ा जब तैयार होते
देखती है दुनिया छत पे चढ़के
कहते है की काश हम भी ऐसे होशियार होते…

उगता हुआ सूरज दुआ दे आपको
खिलता हुआ फूल खुशबू दे आपको
हम तो कुछ भी देने के काबिल नहीं,
देनेवाला हज़ार खुशिया दे आपको!

Rahat Indori Romantic Shayari In Hindi

सपनो से दिल लगाने की आदत नही रही,
हर वक़्त मुस्कुराने की आदत नही रही,
ये सोच के की कोई मनाने नही आएगा,
अब हमे रूठ जाने की आदत नही रही…

हम उनको मनाने आएंगे
उनको उम्मीद अजब की है
वो खुद चल कर आएंगे
हमारी भी जिद्द गज़ब की है

तोड़ दो हर वो ख्वाब
हर ख्वाहिस तोड़ दो
मुझसे तो तुमने की
वो उमीद छोड़ दो

आपका सहयोग- 

दोस्‍तों मुझे उम्मीद है कि आपको हमारा ये आर्टिकल Rahat Indori Famous Shayari जरूर पसंद आया होगा. यदि आपको यह संग्रह पसंद आया है तो कृपया राहत इंदौरी की मशहूर शायरी से सम्बंधित इस पोस्ट को अपने मित्र और परिवारजनों के साथ ज्यादा से ज्यादा शेयर करे.

हमें आशा है कि ये राहत इंदौरी से सम्बंधित हमारा पोस्ट आपको पसन्‍द आये होगें. इसके अलावा अगर आपने अभी तक हमें सोशल मीडिया जैसे instagram और facebook पर फॉलो नहीं किया है तो जल्द ही कर लीजिये.

Also read: 

Read This : 21+ Jija Sali Romantic Shayari in Hindi 2022

Also read: 

Leave a Comment

%d bloggers like this: